पश्चिम एशिया जंग पर संसद में बड़ा खुलासा

नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में चल रही जंग को लेकर संसद में बड़ा बयान सामने आया है। विदेश मंत्री S. Jaishankar ने संसद को बताया कि 28 फरवरी 2026 से Israel, United States और Iran के बीच शुरू हुआ संघर्ष अब पूरे इलाके को प्रभावित कर रहा है। कई खाड़ी देशों में भी हमले हुए हैं और भारी तबाही की खबरें सामने आई हैं।

जयशंकर ने कहा कि इस हालात में भारत सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता वहां रह रहे भारतीय नागरिकों की सुरक्षा है। उन्होंने बताया कि अब तक लगभग 67 हजार भारतीयों को सुरक्षित वापस लाया जा चुका है, जबकि बाकी लोगों को निकालने के लिए लगातार प्रयास जारी हैं।

सरकार ने हालात बिगड़ने के बाद तुरंत कदम उठाए। 1 मार्च को प्रधानमंत्री Narendra Modi की अध्यक्षता में सुरक्षा मामलों की कैबिनेट कमेटी की बैठक हुई, जिसमें भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और व्यापार-ऊर्जा पर पड़ने वाले असर पर चर्चा की गई।

विदेश मंत्री ने बताया कि खाड़ी देशों में करीब एक करोड़ भारतीय रहते और काम करते हैं, जबकि ईरान में हजारों छात्र और कर्मचारी मौजूद हैं। यही वजह है कि यह संघर्ष भारत के लिए सिर्फ अंतरराष्ट्रीय मुद्दा नहीं, बल्कि सीधा राष्ट्रीय हित का मामला भी है।

सरकार ने अलग-अलग देशों में मौजूद भारतीय दूतावासों के जरिए लगातार एडवाइजरी जारी की है। जरूरत पड़ने पर विशेष उड़ानों और वैकल्पिक रास्तों से भारतीयों को निकालने का काम किया जा रहा है।

जयशंकर ने संसद में साफ कहा कि भारत इस पूरे संकट में शांति, संवाद और कूटनीति का समर्थन करता है। भारत की कोशिश है कि तनाव जल्द खत्म हो और क्षेत्र में स्थिरता लौटे, क्योंकि इसका असर वैश्विक अर्थव्यवस्था और ऊर्जा आपूर्ति पर भी पड़ सकता है।

Share this news:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *