रायपुर डेस्क। छत्तीसगढ़ सरकार जिन 5 नए सरकारी मेडिकल कॉलेजों को अपनी बड़ी उपलब्धि बता रही थी, उन पर नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने फिलहाल ब्रेक लगा दिया है। मनेंद्रगढ़, कुनकुरी, कवर्धा, जांजगीर-चांपा और गीदम में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेजों की फाइल NMC की आपत्तियों में फंस गई है। इन कॉलेजों के जरिए 250 नई MBBS सीटें बढ़ने वाली थीं, लेकिन अब पूरा मामला अधर में लटक गया है
जानकारी के मुताबिक राज्य सरकार ने भौतिक सत्यापन के लिए प्रस्ताव भेजा था, लेकिन दस्तावेजों में कई कमियां मिलने के बाद NMC ने आगे की प्रक्रिया रोक दी। अब सरकार को 15 दिन के भीतर कमियां दूर कर दोबारा आवेदन करना होगा। इस घटनाक्रम ने सरकार की तैयारियों और दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि मनेंद्रगढ़ स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल का प्रभाव क्षेत्र माना जाता है, जबकि कुनकुरी मुख्यमंत्री का निर्वाचन क्षेत्र है। विपक्ष का आरोप है कि जरूरी संसाधन, स्थायी फैकल्टी और अस्पतालों की पर्याप्त व्यवस्था किए बिना ही मेडिकल कॉलेजों के लिए आवेदन भेज दिया गया।
कांग्रेस ने इसे सरकार की बड़ी नाकामी बताते हुए स्वास्थ्य मंत्री के इस्तीफे की मांग कर दी है। अब नजर इस बात पर है कि सरकार 15 दिनों में कमियां दूर कर पाती है या मेडिकल कॉलेजों का सपना और लंबा खिंचता है।

