पूरा मामला छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले का है। मिली जानकारी के अनुसार जांजगीर जिले के शिवरीनारायण थाना क्षेत्र निवासी एकलव्य साहू छतीसगढ़ सशस्त्र बल की दूसरी बटालियन में आरक्षक है। उसकी पोस्टिंग वर्तमान में सुकमा में है। एकलव्य साहू की शादी कुछ माह पहले मुंगेली में तय हुई थी। दोनों की सामाजिक रीति-रिवाज से सगाई भी हुई थी। सगाई के बाद दोनों के बीच बातचीत शुरू हो गई और दोनों नजदीक आ गए। इस दौरान सीएसफ़ जवान ने जल्द ही शादी करने की बात कही और पीड़िता से शारीरिक सम्बन्ध भी बना लिया। इसके बाद आरोपी ने सगाई तोड़ते हुए शादी करने से इनकार कर दिया। दोनों के आपसी संबंधों को लेकर सामाजिक बैठक कर मामले की सुलह भी कराने की कोशिश की गई मगर एकलव्य साहू नहीं माना। जिसके बाद पीड़िता को कोतवाली पुलिस की शरण में जाना पड़ा।
अपनी आप बीती को लेकर परेशान पीड़िता जब थाने गई तो एसआई ने उस पर समझौते के लिए दवाब बनाया। पीड़िता नहीं मानी तो एसआई उसे परेशान करने लगा। आखिरकार पीड़िता ने एसआई की बातचीत का ऑडियो टेप बनाया और वायरल कर दिया।
ऑडियो में थाना प्रभारी यह कहते हुए सुने जा रहा है कि केस कर के कुछ नहीं होने वाला है। तुम समझौता कर लो और इसके लिए जितना पैसा चाहिए मैं दिलवा दूंगा। और जब पीडिता ने इसके लिए मना किया तो थाना प्रभारी कह रहे हैं कि तो फिर ठीक है मैं लड़के वालों को कह देता हूं कि अग्रिम जमानत करवा लें और तुम लड़ती रहना जिंदगी भर। इसके साथ ही पीड़िता को हतोत्साहित करते हुए थाना प्रभारी कह रहे हैं कि तुम्हारा गुप्तांग परीक्षण होगा बलात्कार की पुष्टि के लिए।
इस मामले का ऑडियो सामने आने के बाद मुंगेली जिले की पुलिसिंग पर सवाल खड़े होने लग गए। जिसके बाद हरकत में आए एसपी के निर्देश पर एफआईआर दर्ज की गई लेकिन अब तक आरोपी सीएसफ़ जवान की गिरफ्तारी नही हुई है। एसपी ने थाना प्रभारी मुंगेली संजीव ठाकुर को लाईन अटैच किया था। फिर दूसरा आदेश निकालते हुए थाना प्रभारी को निलंबित करने का आदेश जारी किया है।











